झाबुआ माणक लाल जैन
थांदला संत माइकल महादूत का पर्व धूमधाम से मनाया गया।
थांदला नगर से 8किमी दूर ग्राम झापदारा के कैथोलिक चर्च में संत माइकल महादूत का पर्व धूमधाम से मनाया गया। 27 सितंबर रविवार प्रातः 9बजे मिस्सा पूजा समारोह आयोजित किया गया जिसमें मुख्य याजक कैथोलिक डायसिस झाबुआ के बिशप पीटर खराड़ी थे। उन्होंने अपने प्रवचन में कहा कि आज मिस्सा के दौरान लिए गए दोनों पाठों और पवित्र सुसमाचार हमें ईश्वर की आज्ञाओं के अनुसार अपना जीवन जीने और उनका पालन करने की प्रेरणा देता है उन्होंने पवित्र बाइबल में उल्लेखित दृष्टांत के बारे में बताया कि किसी मनुष्य के दो पुत्र थे । पिता ने अपने पहले पुत्र के पास जाकर कहा बेटा जाओ आज दाख बारी में काम करो उसने उत्तर दिया मै नहीं जाऊंगा किन्तु बाद में उसे पश्चाताप हुआ और वह कम करने गया। इसी प्रकार दूसरे पुत्र के पास जाकर कहा बेटा दाख बारी में काम करने जाओ उसने शीघ्रता से उत्तर दिया जी पिताजी मैं जाऊंगा किन्तु वह नहीं गया। किसने पिता की आज्ञा का पालन किया निश्चय ही पहले ने । इसी प्रकार हम भी कई बार ईश्वर की आज्ञाओं की अवहेलना बिना सोच विचार के करते हैं। उन्होंने कैथोलिक कलीसिया में विश्वासियों की सहभागिता के बारे में विस्तृत जानकारी दी। मिस्सा पूजा में कैथोलिक चर्च डुंगरीपाड़ा के पल्लीपुरोहित फादर माइकल मकवाना ने स्वर्ग में दूतों के बारे में बताया उन्होंने कहा कि स्वर्ग में दूत लगातार ईश्वर की सेवा में स्तुति आराधना करते रहते हैं जिनमें महादूत संत माइकल महादूत वे हमारी सुरक्षा तथा संत राफेल महादूत हमे चंगाई और संत गैब्रियल महादूत ने ईश्वर का संदेश माता मरियम को दिया जो मानव मुक्ति का कारण बना। इससे पूर्व पवित्र बाइबल से पहले पाठ का वाचन निलेश डामोर द्वारा एवं दूसरा पाठ का वाचन कमला वैसता मुनिया द्वारा किया गया । पल्ली पुरोहित फादर मैथ्यू मारिया सुसाइ द्वारा बिशप पीटर खराड़ी तथा फादर माइकल मकवाना का स्वागत साफा बांधकर और शॉल ओढ़ाकर तथा झुल्डी पहनाकर किया गया। फादर माइकल मकवाना को तीर कमान भी भेंट किया गया।कार्यक्रम को सफल बनाने में सहायक पल्ली पुरोहित आश्विन डामोर संत मैरिज कॉन्वेंट सिस्टर्स माता मरियम समिति की सदस्यों युवा समिति के युवाओं तथा पल्ली परिषद के सदस्यों ने सक्रिय सहयोग दिया। पल्ली सचिव सुधीर निनामा ने संपूर्ण आय व्यय संबंधी जानकारी दी और आभार माना।












