विश्व इतिहास का हवाला देकर चेताया, मुस्लिम बाहुल्य होते ही लागू हो जाएगा शरिया कानून
कुंडा, प्रतापगढ़। जनसत्ता दल लोकतांत्रिक के राष्ट्रीय अध्यक्ष, पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं कुंडा विधायक कुंवर रघुराज प्रताप सिंह राजा भइया के समर्थन में वर्तमान विधान परिषद सदस्य तथा पूर्व सांसद कुंवर अक्षय प्रताप सिंह गोपाल जी खुलकर सामने आए हैं। गोपाल जी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए देश के संविधान और जनसांख्यिकी को लेकर बड़ा बयान जारी किया है।एक्स पर की गई पोस्ट में कुंवर अक्षय प्रताप सिंह गोपाल जी ने कहा कि राजा भइया जी की बात को समझने के लिए पहले हमें विश्व के भूगोलिक इतिहास को समझना होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत में संविधान तभी तक सुरक्षित है जब तक भारत एक हिंदू बाहुल्य देश है। गोपाल जी ने एक्स पोस्ट में इतिहास का उल्लेख करते हुए लिखा कि इस्लामी आक्रमण ने विश्व की कितनी ही सभ्यताओं को मिटा दिया और पूरी की पूरी आबादी का इस्लामीकरण कर दिया। परशिया में जोहराष्ट्री सभ्यता को धीरे धीरे वहां शरण पाये मुसलमानों ने समाप्त ही कर दिया। वहां के जोहराष्ट्री संविधान मदिदगाँ-ए-हज़ार-ददिस्ताँ को मुसलमानों की संख्या बढ़ते ही जला दिया गया और शरिया कानून लागू करके पारसियों का कत्ल-ए-आम शुरू हो गया।गोपाल जी ने एक्स पर आगे लिखा कि इसी प्रकार रोमन साम्राज्य, मेसोपोटामिया यानी इराक़, सीरिया, जार्डन व अन्य कई देश और सभ्यताएँ इस्लामी अतिक्रमण की भेंट चढ़ गईं। वहां जिहाद करके मूल निवासियों को या तो कत्ल किया गया या उनका धर्मांतरण कराकर शरिया कानून लागू कर दिया गया।अपनी पोस्ट में उन्होंने कहा कि विश्व में 56 मुस्लिम देश हैं, इनमें से एक भी देश किसी संविधान से नहीं चलता, सब में शरिया का ही कानून चलता है। इस आधार पर कुंवर अक्षय प्रताप सिंह गोपाल जी ने एक्स पर चेताया कि जिस दिन यहां मुसलमानों की संख्या अधिक हो गई, उसी दिन वो हमारे संविधान को हटाकर अन्य मुस्लिम देशों की तरह यहाँ भी शरिया कानून लागू कर देंगे।राजा भइया के समर्थन में एक्स पर दिए गए इस बयान को राजनीतिक हलकों में बेहद अहम माना जा रहा है। गोपाल जी ने अपनी पोस्ट में स्पष्ट किया कि इतिहास इस बात का साक्षी है कि जहां भी जनसांख्यिकी बदली, वहां की शासन व्यवस्था भी बदल गई। इसलिए भारत की संवैधानिक व्यवस्था की रक्षा के लिए देश का हिंदू बाहुल्य बने रहना आवश्यक है।












